प्रेगनेंसी के दौरान “सीने में जलन व खट्टी डकार” के लिए घरेलू उपाय

गर्भावस्‍था के नौ महीनों में महिला को कई प्रकार की समस्‍याओं का सामना करना पड़ता है। उनमें सीने की जलन भी है। गर्भावस्‍था के दौरान सीने की जलन की समस्‍या तीसरी तिमाही यानी 6 महीने के बाद होती है। सीने और गले में जलन, मुंह में खट्टा डकार और अम्‍लीय स्‍वाद, आदि इसके प्रमुख लक्षण हैं। जैसे-जैसे भ्रूण का विकास होने लगता है, वैसे-वैसे वह पेट के अंदर के अंगों को ऊपर की ओर ढकेलने लगता है, जिसके कारण पेट में एसिडिटी बनना शुरु हो जाता है। इसके कारण ही सीने में जलन की समस्‍या होती है। घरेलू उपचार के जरिये इस समस्‍या का दूर किया जा सकता है।बादाम खायें:-
गर्भावस्‍था के दौरान सीने में होने वाली जलन को दूर करने के लिए बादाम का सेवन कीजिए। प्रोटीनयुक्‍त बादाम में तेल पाया जाता है, जो एसिडिटी की समस्‍या को दूर करने में सहायक है। जिसका सेवन गर्भवती महिला कभी भी कर सकती है। सीने में होने वाली जलन से छुटकारे के लिए बादाम का सेवन करे| अदरक का सेवन:-
पेट की किसी भी प्रकार की समस्‍या को दूर करने के लिए इसका प्रयोग किया जा सकता है। अदरक के सेवन से पाचन शक्ति बढ़ती है। ताजा अदरक को चबाने या अदरक वाली चाय पीने से एसिड रिफ्लक्‍स या पेट की समस्‍या दूर होती है। यह बहुत ही आसानी से उपलब्‍ध हो जाती है। यह बहुत ही लोकप्रिय मसाला भी है। दही खायें:-
दही में प्रोटीन भी पाया जाता है जो गर्भवती महिला के लिए बहुत जरूरी होता है। इसमें पाया जाने वाला प्रोबायोटिक्स बैक्टीरिया पेट में सूक्ष्‍म वनस्‍पति में संतुलन बना कर रखता है इससे एसिडिटी से राहत मिलती है। इसके अलावा दही पाचन तंत्र में सुधार करता है, जिससे खाना आसानी से पच जता है। इसका सेवन करने से गर्भावस्‍था के दौरान पेट संबंधित समस्‍या होने की संभावना कम रहती है।
एलोवेरा का सेवन करें:-
यह बहुत ही फायदेमंद औषधि है। एलोवेरा में सीने की जलन को कम करने और एसिडिटी से तुरन्‍त राहत प्रदान करने की अद्भुत क्षमता पायी जाती है। एलोवेरा जूस को पानी में मिलाकर इसका सेवन कर सकते हैं। इससे पेट से संबंधित सभी प्रकार की समस्‍यायें दूर होती हैं। इसका सेवन गर्भावस्‍था के दौरान किया जा सकता है।
नींबू का रस पियें:-
गर्भावस्‍था के दौरान अगर सीने में जलन हो तो नींबू के रस का सेवन कीजिए। एक लीटर पानी में एक छोटा चम्‍मच नींबू का रस और दो चम्‍मच शहद अच्‍छे से मिला लीजिए। नींबू और इससे पाचन क्रिया सुधरती है और एसिडिटी भी नहीं होती। यह सीने की जलन दूर करने का अच्‍छा तरीका है।
सौंफ का सेवन है फायदेमंद:-
सौंफ का सेवन अगर किया जाये तो पेट संबंधी किसी भी प्रकार की समस्‍या नहीं होती है। यह कब्ज और एसिडिटी की समस्‍या दूर करती है। सौंफ में कैल्शियम, सोडियम, आयरन, पोटैशियम जैसे लाभकारी तत्व पाये जाते हैं जो सीने की जलन को दूर करते हैं। इसके लिए सौंफ को मिश्री के साथ पीसकर चूर्ण बना लें और लगभग 5 ग्राम चूर्ण को सोते समय गुनगुने पानी के साथ सेवन करें। इससे गैस व कब्‍ज की समस्‍या नहीं होगी।
 

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